कीर्तिलता
ठाकुर, विधापति
कीर्तिलता संपादक बाबराम सकसेना - प्रथम संस्करण ed. प्रयाग इंडियन प्रेस 1986 - 111p.; 18cm. - (नागरीप रचारिणी गंरथमाला .36). .
देशी भाषा अपभ्रष्टम राजा कीर्तिसिंह के राज्य और प्राकरम का गुणगान कवि ने किया है । यह इब्राहिम शाह लोदी का युग था।
Epic literature, Indic.
891.431032 / T30K
कीर्तिलता संपादक बाबराम सकसेना - प्रथम संस्करण ed. प्रयाग इंडियन प्रेस 1986 - 111p.; 18cm. - (नागरीप रचारिणी गंरथमाला .36). .
देशी भाषा अपभ्रष्टम राजा कीर्तिसिंह के राज्य और प्राकरम का गुणगान कवि ने किया है । यह इब्राहिम शाह लोदी का युग था।
Epic literature, Indic.
891.431032 / T30K